पीसी की ताजपोशी – इधर बंट रही खीर और उधर और चल रहे तीर

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देखें, नियुक्ति के विस्तृत आदेश

ध्यानी ने यूपीसीएल व अजय सिंह ने संभाली यूजेवीएनएल की कमान

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विवादों और अदालत की टिप्पणियों के बाद बदले नियम

शासन ने नए विनियमों के तहत की एमडी नियुक्ति

अविकल थपलियाल

देहरादून। लंबे समय से विवादों, न्यायिक सुनवाई और नियुक्ति प्रक्रिया पर उठे सवालों के बाद उत्तराखंड शासन ने आखिरकार उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) और उत्तराखंड जल विद्युत निगम लिमिटेड (यूजेवीएनएल) के नये प्रबंध निदेशकों की नियुक्ति कर दी है।
शासन ने प्रकाश चंद्र ध्यानी को यूपीसीएल तथा अजय कुमार सिंह को यूजेवीएनएल का प्रबंध निदेशक नियुक्त किया है। दोनों नियुक्तियां हाल ही में लागू प्रक्रिया निर्धारण विनियमावली-2026 के तहत गठित चयन समिति की संस्तुति पर की गई हैं। उल्लेखनीय है कि इन पदों पर नियुक्तियों को लेकर पूर्व में हुए विवाद, नियमों में बदलाव और हाईकोर्ट की टिप्पणियों के बाद शासन ने नई प्रक्रिया अपनाई है।
ऊर्जा विभाग के प्रमुख सचिव आर मीनाक्षी सुन्दरम की ओर से 1 जुलाई को यह आदेश जारी किए गए ।

नियुक्तियों को लेकर पहले क्यों हुआ था विवाद?

यूपीसीएल और यूजेवीएनएल के प्रबंध निदेशक पदों पर नियुक्ति का मामला पिछले कुछ समय से विवादों में रहा। तत्कालीन चयन प्रक्रिया और पात्रता शर्तों को लेकर सवाल उठे थे। आरोप लगे थे कि सेवानिवृत्त अधिकारियों को लाभ पहुंचाने के लिए नियमों में संशोधन किया गया तथा चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा। इसी मुद्दे को लेकर मामला उत्तराखंड हाईकोर्ट तक पहुंचा था, जहां नियुक्ति प्रक्रिया और पात्रता संबंधी नियमों की वैधानिकता पर सुनवाई हुई।

UJVNL MD अजय सिंह

पूर्व में पीसी ध्यानी पिटकुल के एमडी का पद सम्भाल रहे थे। लेकिन नॉन टेक्निकल होने की वजह से उन्हें हाईकोर्ट के निर्देश पर सरकार को हटाना पड़ा था।

उत्तराखंड हाईकोर्ट द्वारा योग्यता का हवाला देते हुए प्रकाश चंद्र (पीसी) ध्यानी की नियुक्ति रद्द करने के बाद, शासन ने फरवरी 2026 में आईएएस अधिकारी मेहरबान सिंह बिष्ट को पिटकुल (PTCUL) के एमडी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा था। इसके अलावा UPCL के MD की जिम्मेदारी श्री बुदियाल को दी गयी थी।

इधर, हाल ही में नियमावली को संशोधित करते हुए शासन ने एमडी पद पर नॉन टेक्निकल अधिकारी की ताजपोशी का रास्ता साफ कर दिया था।
इसके बाद 1 जुलाई 2026 में पीसी ध्यानी को यूपीसीएल (UPCL) का नया प्रबंध निदेशक नियुक्त किया गया है।
यूपीसीएल के एमडी नियुक्त होने के बाद पीसी ध्यानी को लेकर पूर्व में उठे विवादों ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। सोशल मीडिया में इस फैसले की कांट छाँट शुरू हो गयी है। हालांकि, ध्यानी की परफार्मेन्स के मुरीद कह रहे हैं कि।पीसी ध्यानी ने पिटकुल को घाटे से उबार कर करोड़ों के लाभ में पहुंचा दिया। ऊर्जा निगमों में सीएम धामी का धन्यवाद करते हुए जोर शोर से लड्डू बंट रहे हैं।

नियमों में क्या बदलाव हुए?

विवादों के बाद शासन ने ‘प्रबंध निदेशक एवं कार्यकारी निदेशक के चयन एवं नियुक्ति हेतु प्रक्रिया निर्धारण विनियमावली, 2026’ लागू की। इसके तहत चयन समिति का गठन, चयन प्रक्रिया, कार्यकाल, प्रदर्शन मूल्यांकन, सेवा शर्तें और जवाबदेही को स्पष्ट रूप से विनियमित किया गया।

नई व्यवस्था में नियुक्ति तीन वर्ष अथवा 62 वर्ष की आयु (जो पहले हो) तक सीमित रखी गई है। साथ ही प्रत्येक तीन माह में प्रदर्शन समीक्षा तथा वार्षिक स्वमूल्यांकन रिपोर्ट देना भी अनिवार्य किया गया है। नॉन टेक्निकल अफसर को भी एमडी की योग्यता के दायरे में रखा गया।

MD UPCL पीसी ध्यानी

हाईकोर्ट ने क्या कहा था?

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान यह स्पष्ट किया था कि सार्वजनिक उपक्रमों में शीर्ष पदों पर नियुक्तियां पारदर्शी, निष्पक्ष और निर्धारित नियमों के अनुरूप होनी चाहिए। अदालत ने सरकार को यह सुनिश्चित करने पर बल दिया था कि चयन प्रक्रिया मनमानी या किसी व्यक्ति विशेष को लाभ पहुंचाने वाली न हो। अदालत की टिप्पणियों के बाद शासन ने नियुक्ति प्रक्रिया की समीक्षा की और नई विनियमावली लागू कर चयन समिति की संस्तुति के आधार पर दोनों नियुक्तियां कीं।

देखें आदेश

उत्तराखण्ड शासन
ऊर्जा अनुभाग-2
संख्या-552/1(2)/2026-05-03/2025 E-88573
देहरादूनः दिनांक : ० जुलाई, 2026
नियुक्ति आदेश
एतद्वारा उत्तराखण्ड पावर कारपोरेशन लि० के आर्टिकल ऑफ एसोसिएशन की धारा-34 में प्रदत्त शक्ति का प्रयोग कर ‘उत्तराखण्ड पावर कारपोरेशन लि० में प्रबंध निदेशक एवं कार्यकारी निदेशकों के चयन एवं नियुक्ति हेतु प्रक्रिया निर्धारण नियमावली, 2026 के नियम-6 विहित व्यवस्थानुसार गठित चयन समिति की संस्तुति के अनुक्रम में श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी को नियम-8 (क) के अन्तर्गत प्रबन्ध निदेशक, उत्तराखण्ड पावर कारपोरेशन लि० के पद पर वेतनमान रू0 182200-224100 (मैट्रिक्स लेवल-16) में कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से तीन वर्ष (03) वर्ष अथवा 62 वर्ष की अधिवर्षता आयु, जो भी पहले हो, की अवधि के लिये निम्नांकित शर्तों के अधीन नियुक्त किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं :-
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी की उक्त नियुक्ति प्रशासनिक कारणों एवं जनहित में किसी भी समय बिना किसी सूचना के समाप्त की जा सकेगी।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी द्वारा तीन माह की पूर्व सूचना देकर ही उन्हें पद त्याग की अनुमति दी जायेगी तथा राज्य सरकार की ओर से भी तीन माह की सूचना देकर अथवा इस एवज में पूर्ण अथवा शेष सूचना काल (अधिकतम् तीन माह) का वेतन अग्रिम भुगतान कर श्री ध्यानी की सेवावधि समाप्त की जा सकेगी।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी द्वारा प्रत्येक वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर विभिन्न वार्षिक लक्ष्यों एवं अन्य दायित्वों के परिप्रेक्ष्य में स्वमूल्यांकन रिपोर्ट साक्ष्य सहित अपर मुख्य सचिव / प्रमुख सचिव/सचिव, ऊर्जा विभाग, उत्तराखण्ड शासन को विलम्बतम् 30 अप्रैल तक उपलब्ध करानी होगी। साथ ही निदेशक मण्डल के समक्ष उक्तानुसार परफॉरमेन्स प्रत्येक (03) माह में प्रस्तुत की जायेगी, जिस पर निदेशक मण्डल द्वारा राज्य सरकार को श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी के संबंध में यथाआवश्यक आख्या / संस्तुति प्रेषित की जायेगी।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी के संबंध में यथास्थिति पेंशन प्राप्तकर्ता सेवानिवृत्त कार्मिकों की पुनः नियुक्ति के प्रकरणों पर समय-समय पर प्रभावी शासन के वित्तीय नियम एवं आदेश लागू होंगे।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी द्वारा अन्यत्र सेवायोजन हेतु आवेदन शासन की पूर्व अनुमति से ही किया जायेगा।
सेवा सम्बन्धी अन्य शर्तें, जो वर्तमान में उक्त कारपोरशन के प्रबन्ध निदेशक पद हेतु प्रभावी हैं / अलग से समय-समय पर निर्गत की जायेगी, श्री ध्यानी के संबंध में प्रभावी होंगी।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी द्वारा भ्रमण कार्यक्रम एवं अवकाश के संबंध में राज्य सरकार से अनुमोदन प्राप्त किया जायेगा।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी अपने पद से संबंधित समस्त दायित्वों के निर्वहन के क्रम में राज्य सरकार के प्रशासकीय नियंत्रण में रहेंगे, जो कि अन्ततः शासन की नीतियों से शासित होंगी।
कार्यभार ग्रहण करते समय श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी द्वारा पूर्व पद से कार्यमुक्ति प्रमाण
पत्र, मेडिकल एवं फिटनेस प्रमाण पत्र, चरित्र प्रमाण पत्र (दो राजपत्रित अधिकारियों द्वारा हस्ताक्षरित), आयु, शैक्षिक, तकनीकी योग्यता आदि के सम्बन्ध में मूल प्रमाण पत्रों के साथ स्वहस्ताक्षरित प्रमाण पत्रों की छायाप्रति (02 प्रतियों में), स्थायी निवास प्रमाण पत्र की छायाप्रति शासन में उपलब्ध करायेंगे। मूल प्रमाण पत्र अवलोकन के उपरान्त वापस कर दिये जायेंगे। इसके अतिरिक्त विवाहित होने की दशा में केवल एक जीवित पत्नी होने संबंधी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।
श्री प्रकाश चन्द्र ध्यानी अपनी योगदान आख्या एक सप्ताह के भीतर शासन को प्रस्तुत करेंगे।
(आर० मीनाक्षी सुन्दरम्) प्रमुख सचिव ।
उत्तराखण्ड शासन
ऊर्जा अनुभाग-2
संख्या-551/1(2)/2026-05-03/2025 E-88573
देहरादूनः दिनांक: ० जुलाई, 2026
नियुक्ति आदेश
एतद्वारा उत्तराखण्ड जल विद्युत निगम लि० के आर्टिकल ऑफ एसोसिएशन की धारा-34 में प्रदत्त शक्ति का प्रयोग कर ‘उत्तराखण्ड जल विद्युत निगम लि० में प्रबंध निदेशक एवं कार्यकारी निदेशकों के चयन एवं नियुक्ति हेतु प्रक्रिया निर्धारण नियमावली, 2026 के नियम-6 विहित व्यवस्थानुसार गठित चयन समिति की संस्तुति के अनुक्रम में श्री अजय कुमार सिंह को नियम-8 (क) के अन्तर्गत प्रबन्ध निदेशक, उत्तराखण्ड जल विद्युत निगम लि० के पद पर वेतनमान रू0 182200-224100 (मैट्रिक्स लेवल-16) में कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से तीन वर्ष (03) वर्ष अथवा 62 वर्ष की अधिवर्षता आयु, जो भी पहले हो, की अवधि के लिये निम्नांकित शर्तों के अधीन नियुक्त किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं :-
श्री अजय कुमार सिंह की उक्त नियुक्ति प्रशासनिक कारणों एवं जनहित में किसी भी समय बिना किसी सूचना के समाप्त की जा सकेगी।
श्री अजय कुमार सिंह द्वारा द्वारा तीन माह की पूर्व सूचना देकर ही उन्हें पद त्याग की अनुमति दी जायेगी तथा राज्य सरकार की ओर से भी तीन माह की सूचना देकर अथवा इस एवज में पूर्ण अथवा शेष सूचना काल (अधिकतम् तीन माह) का वेतन अग्रिम भुगतान कर श्री अजय कुमार सिंह की सेवावधि समाप्त की जा सकेगी।
श्री अजय कुमार सिंह द्वारा प्रत्येक वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर विभिन्न वार्षिक लक्ष्यों एवं अन्य दायित्वों के परिप्रेक्ष्य में स्वमूल्यांकन रिपोर्ट साक्ष्य सहित अपर मुख्य सचिव / प्रमुख सचिव / सचिव, ऊर्जा विभाग, उत्तराखण्ड शासन को विलम्बतम् 30 अप्रैल तक उपलब्ध करायी जायेगी। साथ ही निदेशक मण्डल के समक्ष उक्तानुसार परफॉरमेन्स प्रत्येक (03) माह में प्रस्तुत की जायेगी, जिस पर निदेशक मण्डल द्वारा राज्य सरकार को श्री अजय कुमार सिंह के संबंध में यथाआवश्यक आख्या / संस्तुति प्रेषित की जायेगी।
श्री अजय कुमार सिंह के संबंध में यथास्थिति पेंशन प्राप्तकर्ता सेवानिवृत्त कार्मिकों की पुनः नियुक्ति के प्रकरणों पर समय-समय पर प्रभावी शासन के वित्तीय नियम एवं आदेश लागू होंगे।
श्री अजय कुमार सिंह द्वारा अन्यत्र सेवायोजन हेतु आवेदन शासन की पूर्व अनुमति से ही किया जायेगा।
सेवा सम्बन्धी अन्य शर्तें, जो वर्तमान में उक्त कारपोरशन के प्रबन्ध निदेशक पद हेतु प्रभावी हैं / अलग से समय-समय पर निर्गत की जायेगी, श्री अजय कुमार सिंह के संबंध में प्रभावी होंगी।
श्री अजय कुमार सिंह द्वारा भ्रमण कार्यक्रम एवं अवकाश के संबंध में राज्य सरकार से अनुमोदन प्राप्त किया जायेगा।
श्री अजय कुमार सिंह अपने पद से संबंधित समस्त दायित्वों के निर्वहन के क्रम में राज्य सरकार के प्रशासकीय नियंत्रण में रहेंगे, जो कि अन्ततः शासन की नीतियों से शासित होंगी।
कार्यभार ग्रहण करते समय श्री अजय कुमार सिंह द्वारा पूर्व पद से कार्यमुक्ति प्रमाण पत्र,
मेडिकल एवं फिटनेस प्रमाण पत्र, चरित्र प्रमाण पत्र (दो राजपत्रित अधिकारियों द्वारा हस्ताक्षरित), आयु, शैक्षिक, तकनीकी योग्यता आदि के सम्बन्ध में मूल प्रमाण पत्रों के साथ स्वहस्ताक्षरित प्रमाण पत्रों की छायाप्रति (02 प्रतियों में), स्थायी निवास प्रमाण पत्र की छायाप्रति शासन में उपलब्ध करायेंगे। मूल प्रमाण पत्र अवलोकन के उपरान्त वापस कर दिये जायेंगे। इसके अतिरिक्त विवाहित होने की दशा में केवल एक जीवित पत्नी होने संबंधी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।
श्री अजय कुमार सिंह अपनी योगदान आख्या एक सप्ताह के भीतर शासन को प्रस्तुत करेंगे।
(आर० मीनाक्षी सुन्दरम्) प्रमुख सचिव ।

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