The post सफेद कोट के साथ लिया मानवता की सेवा का संकल्प appeared first on Avikal Uttarakhand.
हिम्स जौलीग्रांट में एमबीबीएस 2026 बैच की व्हाइट कोट सेरेमनी आयोजित
नवप्रवेशी मेडिकल छात्रों ने ली चिकित्सा धर्म और मरीजों के प्रति संवेदनशीलता की शपथ

अविकल उत्तराखंड
डोईवाला। हिम्स (हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज), जौलीग्रांट में एमबीबीएस 2026 बैच के नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं के लिए व्हाइट कोट सेरेमनी आयोजित की गई। सफेद कोट धारण करते ही विद्यार्थियों ने चिकित्सा क्षेत्र में सेवा, समर्पण, करुणा और मानवीय मूल्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का संकल्प लिया। समारोह के दौरान विद्यार्थियों में डॉक्टर बनने की नई जिम्मेदारी को लेकर उत्साह और गर्व का भाव देखने को मिला।
स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू) के आदि कैलाश सभागार में आयोजित समारोह का शुभारंभ डॉ. स्वामी राम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर हिम्स जौलीग्रांट के डीन डॉ. ए. शरीफ ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सफेद कोट महज एक परिधान नहीं, बल्कि एक बड़ी जिम्मेदारी, विश्वास और सेवा भावना का प्रतीक है। यह पवित्रता, ईमानदारी, अनुशासन और करुणा का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि एक डॉक्टर के लिए डिग्री से भी अधिक महत्वपूर्ण उसका सेवा भाव है। विद्यार्थियों को मरीजों के प्रति हमेशा संवेदनशील रहते हुए मानवता की सेवा को अपने जीवन का उद्देश्य बनाना चाहिए।
महानिदेशक (शैक्षणिक विकास) डॉ. विजेंद्र चौहान ने कहा कि व्हाइट कोट सेरेमनी प्रत्येक मेडिकल छात्र के डॉक्टर बनने की यात्रा का पहला महत्वपूर्ण पड़ाव है। उन्होंने कहा कि हिम्स जौलीग्रांट में विद्यार्थियों को केवल कुशल डॉक्टर ही नहीं, बल्कि बेहतर इंसान बनाने पर भी जोर दिया जाता है। चिकित्सा शिक्षा का उद्देश्य आधुनिक ज्ञान और तकनीकी दक्षता के साथ-साथ चरित्र निर्माण और नैतिक मूल्यों का विकास भी है। उन्होंने विद्यार्थियों से आधुनिक चिकित्सा ज्ञान के साथ मानवीय संवेदनाओं और नैतिक मूल्यों को आत्मसात करने का आह्वान किया।
हिम्स जौलीग्रांट की प्रिंसिपल डॉ. रेनू धस्माणा ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हिम्स की पहचान सेवा, समर्पण और संस्कार से है। उन्होंने कहा कि यह सफेद कोट विद्यार्थियों को हमेशा याद दिलाता रहेगा कि उनके हाथों में किसी व्यक्ति का जीवन और उसके परिवार की उम्मीदें हैं। मरीज डॉक्टर पर विश्वास के साथ अपनी जिंदगी सौंपता है, इसलिए इस विश्वास को बनाए रखना प्रत्येक चिकित्सक का नैतिक दायित्व है।
समारोह के दौरान फैकल्टी सदस्यों ने एमबीबीएस 2026 बैच के छात्र-छात्राओं को व्हाइट कोट धारण कराया। इसके बाद सभी विद्यार्थियों ने मानवता की सेवा, मरीजों के प्रति संवेदनशीलता तथा चिकित्सा धर्म का पूरी निष्ठा और ईमानदारी से पालन करने की शपथ ली।
इससे पूर्व फिजियोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. आभा श्रीवास्तव ने अतिथियों एवं विद्यार्थियों का स्वागत किया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. अनुराधा कुसुम ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।
The post सफेद कोट के साथ लिया मानवता की सेवा का संकल्प appeared first on Avikal Uttarakhand.
